बामियाल: भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास स्थित जिला पठानकोट के ब्लॉक नरोट जैमल सिंह के अधीन आने वाले कई गांवों में पिछले तीन दिनों से लगातार बिजली सप्लाई ठप रहने के कारण स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश देखने को मिला है। गुस्से में आए ग्रामीणों ने बीती रात नरोट जैमल सिंह बिजली घर (पावर हाउस) का घेराव किया और बिजली बोर्ड तथा पंजाब सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
💧 पानी की किल्लत और अंधेरे में रहने को मजबूर ग्रामीण
मिली जानकारी के मुताबिक, पम्मा, भोला, खड़खड़ा और आसपास के अन्य गांवों में पिछले तीन दिनों से बिजली पूरी तरह गुल है, जिसके चलते लोगों को भीषण परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। घरों में पीने के पानी का संकट पैदा हो गया है क्योंकि बिजली न होने से समरसेबल मोटरें और ट्यूबल नहीं चल पा रहे हैं। इसके अलावा, घरों के इनवर्टर भी जवाब दे चुके हैं, जिससे लोग उमस भरी गर्मी के बीच अंधेरे में रातें बिताने को मजबूर हैं।
👶 बच्चों, बुजुर्गों और मरीजों की बढ़ी मुश्किलें
गर्मी के इस मौसम में बिजली न होने की वजह से सबसे ज्यादा दिक्कतें छोटे बच्चों, बुजुर्गों और बीमार मरीजों को उठानी पड़ रही है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि पिछले तीन दिनों से उनकी पूरी दिनचर्या अस्त-व्यस्त हो चुकी है, लेकिन प्रशासनिक स्तर पर इस समस्या का कोई ठोस समाधान नहीं निकाला गया है।
📢 ग्रामीणों की चेतावनी, जल्द बहाल हो बिजली सप्लाई
इस विरोध प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण रात के समय पावर हाउस पहुंचे और बिजली विभाग के खिलाफ रोष प्रकट किया। प्रदर्शनकारियों ने मांग की है कि क्षेत्र में बिजली सप्लाई तुरंत बहाल की जाए और भविष्य में ऐसी समस्याओं से निपटने के लिए पुख्ता इंतजाम किए जाएं। फिलहाल स्थानीय लोगों की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि विभाग इस मामले में कितनी जल्दी राहत पहुंचाता है।


