मध्य प्रदेश में कोयले की कमी के कारण कोयला आयात करने की स्थितियां बन रही हैं लेकिन मध्य प्रदेश सरकार को केंद्र उसके हिस्से का कोयला नहीं दे रहा है। कांग्रेस ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को चेतावनी दी है कि वह केंद्र से कोयले की मांग करें अन्यथा फिर वह कोयला यात्रा (Coal Yatra) निकालेगी।

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Coal Yatra – भाजपा ने यूपीए सरकार के समय अपने हिस्से का कोयला लेने के लिए कोयला यात्रा निकाली थी लेकिन इस बार कोयले की कमी के बाद भी शिवराज सरकार कोयले की मांग ही नहीं कर रही है। यह आरोप प्रदेश कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष अरुण यादव ने लगाया है। यादव ने कहा कि यूपीए सरकार पर तब भाजपा ने पक्षपात के आरोप लगाए थे लेकिन अब मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान मांग तक नहीं कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि जबकि इसके पहले यूपीए सरकार के कार्यकाल में सीएम चौहान ने कोयला यात्रा तक निकाली थी। यादव ने कहा कि अब उन्हें फिर यात्रा निकालना चाहिए।

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कांग्रेस नेता यादव ने केंद्र सरकार को चेतावनी दी है कि अगर मध्य प्रदेश के हिस्से का कोयला केंद्र सरकार नहीं देती है तो कांग्रेस कोयला यात्रा निकलेगी। कांग्रेस प्रदेश के हितों के लिए उसके हिस्से का कोयला लेकर रहेगी। यादव ने कहा कि एक तरफ तो शिवराज सरकार कहती है कि प्रदेश में कोयले के भंडार भरे हैं और दूसरी तरफ कोयली की कमी की पूर्ति के लिए आयात करने की बात कहती है। इससे लगता है कि कोयला आयात कर सरकार ने बिजली को और महंगा करने का प्लान बना लिया है।

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