बीजापुर: छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में कानून व्यवस्था और सड़क सुरक्षा को मजबूत करने के उद्देश्य से स्थानीय पुलिस लगातार एक्शन मोड में नजर आ रही है। रविवार को बीजापुर पुलिस अधीक्षक (SP) डॉ. जितेंद्र यादव के विशेष निर्देश पर जिले में यातायात नियमों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित कराने के लिए एक व्यापक और सख्त चेकिंग अभियान चलाया गया। इस विशेष अभियान की जमीनी कमान यातायात प्रभारी उप निरीक्षक केशव ठाकुर ने संभाली।
अभियान के अंतर्गत बीजापुर शहर के भीतर और जिला मुख्यालय को जोड़ने वाले प्रमुख मार्गों पर रणनीतिक रूप से विशेष चेकिंग पॉइंट स्थापित किए गए थे, जहां मुस्तैद पुलिस टीमों ने आने-जाने वाले सभी दोपहिया और चार पहिया वाहनों की बारीकी से जांच की। इस दौरान निर्धारित गति सीमा से अधिक तेज गति (Over Speeding) से वाहन चलाने, ध्वनि प्रदूषण फैलाने वाले प्रतिबंधित प्रेशर हॉर्न का उपयोग करने और बिना नंबर प्लेट या दोषपूर्ण नंबर प्लेट के वाहन चलाने वालों पर कड़ी दंडात्मक कार्रवाई की गई। इसके अलावा दोपहिया वाहनों पर हेलमेट न लगाने और कारों में सीट बेल्ट की अनदेखी करने वाले वाहन चालकों के खिलाफ भी बीजापुर पुलिस ने सख्त रुख अपनाया।
💸 चालानी कार्रवाई और जुर्माना वसूली से वाहन चालकों में मचा हड़कंप: 23 मामलों में वसूला 17,100 रुपये का समन शुल्क
सड़क पर अचानक शुरू हुई इस सघन चेकिंग और विशेष अभियान के कारण नियम तोड़ने वाले वाहन चालकों के बीच दिनभर हड़कंप का माहौल बना रहा। कई वाहन चालक पुलिस को देखकर रास्ते बदलते नजर आए। रविवार को चली इस कार्रवाई के दौरान यातायात पुलिस ने कुल 23 गंभीर प्रकरण दर्ज किए, जिनमें मोटर व्हीकल एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत नियमों का खुला उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के मौके पर ही चालान काटे गए।
इन सभी मामलों को मिलाकर पुलिस ने कुल 17,100 रुपये का समन शुल्क (स्पॉट फाइन) शासकीय खजाने में जमा कराया। कार्रवाई के संबंध में जानकारी देते हुए पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि पुलिस का यह कदम केवल दंडात्मक या राजस्व वसूली के उद्देश्य से नहीं है, बल्कि पूरी तरह से सुधारात्मक है, ताकि आम नागरिक भविष्य में खुद की सुरक्षा के प्रति सचेत होकर नियमों का पालन करें और जिले में होने वाली असमय सड़क दुर्घटनाओं व जनहानि को रोका जा सके।
🗣️ चालान काटने के साथ ही पुलिस ने दी सुरक्षा की पाठशाला: छोटी लापरवाही बन सकती है बड़े हादसे का कारण
इस अभियान के दौरान बीजापुर यातायात पुलिस ने केवल चालान काटने और जुर्माना वसूलने तक ही अपनी भूमिका को सीमित नहीं रखा, बल्कि पकड़े गए वाहन चालकों को सड़क पर रोककर उन्हें जागरूक करने और समझाइश देने पर भी विशेष ध्यान दिया। ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों ने चालकों को यातायात नियमों के सामाजिक और व्यक्तिगत महत्व के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने समझाया कि गाड़ी चलाते समय की गई बेहद छोटी सी लापरवाही या चंद सेकंड का ध्यान भटकना किसी भी परिवार के लिए जीवनभर के बड़े हादसे का कारण बन सकता है। पुलिस ने हेलमेट और सीट बेल्ट के उपयोग को सर्वोत्तम जीवन रक्षक साधन बताते हुए सभी नागरिकों से इनका नियमित और अनिवार्य रूप से पालन करने की भावुक अपील की।
“सड़क पर वाहन चलाते समय हर नागरिक को अपनी सामाजिक जिम्मेदारी का परिचय देना अत्यंत आवश्यक है। सभी वाहन चालक पुलिस के डर से नहीं बल्कि अपनी सुरक्षा के लिए निर्धारित गति सीमा का पालन करें, वाहन चलाते समय मोबाइल फोन पर बात करने या रील बनाने की गलती बिल्कुल न करें, सीट बेल्ट और हेलमेट का अनिवार्य रूप से उपयोग करें तथा चौराहों पर लगे यातायात संकेतों (Signboards) का पालन करें। जिले में एक सुरक्षित, सुगम और आदर्श यातायात व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस प्रशासन के साथ आम नागरिकों की सक्रिय भागीदारी बेहद जरूरी है।” — केशव ठाकुर, यातायात प्रभारी, बीजापुर पुलिस
🛡️ सड़क सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता, आगे भी निरंतर जारी रहेगी कार्रवाई: एसपी डॉ. जितेंद्र यादव की दोटूक चेतावनी
बीजापुर पुलिस के इस सफल और प्रभावी अभियान की समीक्षा करते हुए जिले के आला अधिकारियों ने मैदानी अमले की पीठ थपथपाई है। पुलिस मुख्यालय से जारी बयान में अधिकारियों ने साफ किया है कि जिले में कानून व्यवस्था के साथ-साथ आम जनता की सड़क सुरक्षा को भी सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है।
“सड़क सुरक्षा को हमारी टीम द्वारा सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है और इसे बनाए रखने के लिए ऐसे सघन चेकिंग अभियान भविष्य में भी पूरे जिले में निरंतर और औचक रूप से जारी रहेंगे। नेशनल हाईवे और आंतरिक सड़कों पर यातायात नियमों का सरेआम उल्लंघन करने वालों के खिलाफ बीजापुर पुलिस बिना किसी राजनीतिक या प्रशासनिक दबाव के सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई करेगी, जबकि नियमों का पूरी ईमानदारी से पालन करने वाले आदर्श चालकों को सार्वजनिक मंचों पर प्रोत्साहित भी किया जाएगा।” — डॉ. जितेंद्र यादव, पुलिस अधीक्षक (SP), बीजापुर
कुल मिलाकर, बीजापुर पुलिस द्वारा रविवार को की गई यह बड़ी पहल सड़क सुरक्षा और नागरिक चेकिंग की दिशा में एक अत्यंत महत्वपूर्ण और दूरगामी कदम साबित होगी। यह न केवल नियमों की धज्जियां उड़ाने वाले रसूखदारों पर लगाम कसेगी, बल्कि आम जनता में सुरक्षा के प्रति एक सकारात्मक और नया दृष्टिकोण भी विकसित करेगी।


