नारनौल: हरियाणा के नारनौल में बीते शुक्रवार को पुलिस के साथ हुई सीधी मुठभेड़ (Encounter) के बाद दबोचे गए कुख्यात अंतरराज्यीय पारदी गुलेल गैंग से रिमांड के दौरान पूछताछ में कई चौंकाने वाले और बड़े खुलासे हुए हैं। पुलिस के आधिकारिक दावों के मुताबिक, गिरफ्तार किए गए सात शातिर बदमाशों में से दो मुख्य आरोपी नारनौल में कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष राव नरेंद्र के घर में जबरन घुसने की दुस्साहसिक वारदात और महेंद्रगढ़ इलाके में हुई सिलसिलेवार बाइक चोरी की कई गंभीर घटनाओं में सीधे तौर पर शामिल थे।

पुलिस प्रवक्ता ने विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि सीआईए (CIA) नारनौल, सीआईए महेंद्रगढ़ और थाना शहर महेंद्रगढ़ की संयुक्त स्पेशल टीम ने 22 मई को एक गुप्त सूचना के आधार पर हुई घेराबंदी और मुठभेड़ के बाद इन सात आरोपियों को अवैध हथियारों समेत दबोचा था। पुलिस की कड़ाई से की गई पूछताछ में अब तक हरियाणा के अलग-अलग जिलों के चार बड़े आपराधिक मामलों का पूरी तरह से खुलासा हो चुका है।

🥷 14 मई से शुरू किया था हरियाणा में वारदातों का सिलसिला: भिवानी से लेकर नारनौल तक फैलाई थी सनसनी

पुलिस रिमांड में आरोपियों ने कबूला है कि वे एक सुनियोजित नेटवर्क के तहत काम कर रहे थे। उन्होंने सबसे पहले बीते 14 मई को भिवानी जिले में एक बड़ी चोरी की वारदात को अंजाम दिया था। इस घटना के ठीक अगले ही दिन 15 मई को इस गैंग ने महेंद्रगढ़ शहर को निशाना बनाया और वहां से दो मोटरसाइकिलें चोरी करके फरार हो गए।

वहीं, इनका सबसे दुस्साहसिक कारनामा 16 मई को सामने आया, जब इन्होंने नारनौल में स्थित कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष के वीआईपी आवास में घुसने की कोशिश की और उसी रात इलाके से दो और महंगी मोटरसाइकिलें चोरी कर लीं। इन सभी घटनाओं में इस पारदी गैंग की सीधी संलिप्तता और सक्रियता तकनीकी साक्ष्यों (FSL) के जरिए भी साबित हो चुकी है।

🎖️ मध्य प्रदेश के रहने वाले हैं सभी 7 आरोपी, दो पर था हजारों का इनाम: ऑटोमैटिक पिस्तौल, देसी कट्टा और गुलेल बरामद

पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, गिरफ्तार किए गए शातिर आरोपियों की पहचान मनीराम, अभय, अर्जुन, वीरेंद्र, सुनील, चांद और विजय के रूप में हुई है। ये सभी आरोपी मध्य प्रदेश (MP) के अलग-अलग आदिवासी बहुल जिलों के मूल निवासी हैं जो केवल वारदातों को अंजाम देने हरियाणा आए थे। पुलिस रिकॉर्ड खंगालने पर पता चला है कि इनमें से आरोपी विजय पर 15 हजार रुपये और चांद पर 5 हजार रुपये का नकद इनाम पहले से ही घोषित था।

संयुक्त पुलिस टीम ने इनके पास से भारी मात्रा में अवैध हथियार और उपकरण बरामद किए हैं, जिसमें आधुनिक ऑटोमैटिक पिस्तौल, जिंदा कारतूस, एक देसी कट्टा, रात में सेंधमारी करने के लोहे के औजार, चोरी के मोबाइल, कीमती घड़ियां और इनका मुख्य हथियार यानी ‘विशेष गुलेल’ शामिल है। गौरतलब है कि मुठभेड़ के दौरान आत्मरक्षा में पुलिस द्वारा चलाई गई गोली से दो बदमाश पैर में गोली लगने से घायल भी हुए हैं, जिनका अस्पताल में कड़े पुलिस पहरे के बीच इलाज चल रहा है।

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